For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

लघुकथा की कक्षा

Information

लघुकथा की कक्षा

समूह का उद्देश्य : लघुकथा विधा और उसकी बारीकियों पर चर्चा.

समूह प्रबंधक : श्री योगराज प्रभाकर

Members: 91
Latest Activity: Oct 5, 2020

समूह का उद्देश्य
लघुकथा प्रेमियों के अनुरोध पर लघुकथा विधा की बारीकियां सीखने और सिखाने के उद्देश्य से ही यह समूह बनाया गया है। "लघुकथा की कक्षा" समूह में लघुकथा विधा से सम्बंधित तमाम छुए-अनछुए पहलुओं पर जानकारी उपलब्ध करवाई जाएगी। यहाँ नवोदित लघुकथाकारों को लघुकथा के मूलभूत नियमों की जानकारी दी जायेगी, इसकी संरचना, रूप एवं शिल्प विधान पर बिन्दुवत चर्चा कर उनकी सभी शंकाओं का निवारण किया जायेगा। अत: रचनाकारों से अनुरोध है कि वे इस विधा से जुडी जो भी जानकारी चाहते हैं, उन्हें खुलकर यहाँ पूछें।

हमारा उद्देश्य है नवांकुरों को एक छत के नीचे एकत्र कर उन्हें एक विश्वसनीय मंच प्रदान करना ताकि नवोदित लघुकथाकार इस मंच से प्रशिक्षण प्राप्त कर भविष्य के स्थापित हस्ताक्षर बने, तथा इस विधा एवं ओबीओ परिवार का झंडा हिंदी साहित्य में बुलंद करें । 

लघुकथा विधा से सम्बंधित एक अतिमहत्वपूर्ण एवं पठनीय पोस्ट ओ बी ओ पर प्रकाशित है, सुविधा हेतु लिंक निम्नलिखित है ...

लघुकथा विधा : तेवर और कलेवर

योगराज प्रभाकर 

समूह प्रबंधक सह प्रधान सम्पादक

ओपन बुक्स ऑनलाइन

Discussion Forum

लघुकथा लेखन प्रक्रिया 82 Replies

एक लघुकथाकार जब अपने इर्द गिर्द घटित घटनाओं के नेपथ्य में विसंगतियों या असंवेदनशीलता को अंदर तक महसूस करता है तब लघुकथा लिखने की प्रक्रिया प्रारम्भ हो जाती है। इस प्रक्रिया के दौरान वह उस घटना का हर…Continue

Tags: लघुकथा-शिल्प

Started by योगराज प्रभाकर. Last reply by KALPANA BHATT ('रौनक़') Sep 24, 2017.

लघुकथाकारों के ध्यान योग्य कुछ महत्वपूर्ण बातें 29 Replies

यदि मैं यह कहूँ कि आज लघुकथा का युग चल रहा है, तो इसमें कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी I आज बहुत से नवोदित रचनाकार इस विधा पर क़लम आज़माई कर रहे हैं I ओबीओ परिवार भी बहुत गंभीरता से नवांकुरों को शिक्षित और…Continue

Started by योगराज प्रभाकर. Last reply by Sheikh Shahzad Usmani Nov 6, 2016.

ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी

Loading… Loading feed

Comment Wall

Comment

You need to be a member of लघुकथा की कक्षा to add comments!

Comment by Krish mishra on July 13, 2015 at 10:12am

दाखिला देने के लिए हार्दिक आभार आ० योगराज सर!

Comment by Madanlal Shrimali on July 13, 2015 at 12:07am
आदरणीय योगराजजी, लघुकथा की कक्षा में प्रवेश देने के लिए हार्दिक आभार।
Comment by विनोद खनगवाल on July 12, 2015 at 8:04pm

आदरणीय योगराज प्रभाकर जी, लघुकथा की कक्षा की शुरूआत के आपके बहुत बहुत आभारी हैं. लघुकथाकारों को अपनी मंज़िल तक पहुँचने का सुनहरी अवसर मिला है सभी लेखकों को इसका लाभ उठना चाहिए.

Comment by kanta roy on July 12, 2015 at 7:04pm
सर जी , मै क्षमा चाहूँगी कि मै प्रश्नों का जखीरा लेकर उपस्थित हो गई एकदम से । क्या करू ... मेरे मन में बहुत प्रश्न जगते ही रहते है नये नये । क्षमा
Comment by kanta roy on July 12, 2015 at 7:01pm
सर जी , क्या हम अपने निर्माणाधीन कथाओं पर यहाँ आपसे विचार ले सकते है ????
Comment by kanta roy on July 12, 2015 at 6:57pm
हृदय तल से शत शत आभार आपको हमें यह सार्थक मंच प्रदान करने के लिये । सच में हम भटक रहे थे यहाँ वहाँ ..।
अब इस मंच के साये तले हमारी बहकती हुई लघुकथा की डाँवा डोल तकनीक की जानकारी को अब एक स्थिर संबल मिलेगा । हमारी प्रश्नों के भँवर अब गोल गोल घुमना बंद कर सही दिशा में जायेंगे इसकी हम आशा करते है । नमन श्री

प्रधान संपादक
Comment by योगराज प्रभाकर on July 12, 2015 at 6:02pm

आपका हार्दिक स्वागत है आ० ज्योत्सना जी। 


प्रधान संपादक
Comment by योगराज प्रभाकर on July 12, 2015 at 6:01pm

आ० सौरभ भाई जी, ओबीओ के स्वर्ण मुकुट में शायद इसी मणि की कमी हम सब काफी देर से महसूस कर रहे थे न ?बहरहाल, मंच ने मुझे इस समूह की कप्तानी के लायक समझा, मैं उपकृत महसूस कर रहा हूँ।  


प्रधान संपादक
Comment by योगराज प्रभाकर on July 12, 2015 at 5:57pm

भाई मिथिलेश जी, पिछले एक साल में बहुत से उदीयमान नवोदित लघुकथाकारों से सम्पर्क का मौका मिला। मैंने एक बात बहुत शिद्दत से महसूस की कि उचित मार्गदर्शन के आभाव में वे लोग सही दिशा पकड़ने में असमर्थ रहे। इसी मक़सद से मैंने अपने स्वभाव के विरूद्ध काफी समय सोशल मीडिया के विभिन्न लघुकथा समूहों में सर्फ किया। यथा शक्ति उन नवोदितों का मार्गदर्शन करने का प्रयास किया और उन्हें लघुकथा के मूलभूत सिद्धांतों से अवगत भी करवाया। उनमें से चुनिंदा गंभीर लोगों को ओबीओ की राह दिखाई। ऐसे में उन्हें एक मज़बूत मंच का साया प्रदान करना हमारा परम कर्तव्य बन जाता है। बस इसी उद्देश्य से इस समूह की स्थापना की गई है। 

Comment by jyotsna Kapil on July 12, 2015 at 4:06pm
आदरणीय सर सादर नमन।मेरे जैसे नौसिखियों के लिए ये कक्षा अत्यावश्यक थी।बहुत आभार मुझे यहाँ दाखिला देने के लिए।
 
 
 

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Blogs

Latest Activity

DR ARUN KUMAR SHASTRI commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"गजल में आपकी सादगी का गुमां मुझको हुआ है //लम्हा लम्हा हरफ ब हरफ बानगी से जुडा हुआ है…"
1 hour ago
Samar kabeer commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"बहुत शुक्रिय: प्रिय ।"
4 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"रूह के पार मुझको बुलाती रही' क्या कहने.. आ. भाई समर जी।"
4 hours ago
Samar kabeer commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"भाई गुरप्रीत सिंह जी आदाब, बहुत अर्से बाद ओबीओ पर आपको देख कर ख़ुशी हुई ।"
4 hours ago
Gurpreet Singh jammu commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"/रूह*हर दर्द अपना भुलाती रही// यूँ कहें तो:- 'रूह के पार मुझको बुलाती रही वाह वाह आदरणीय समर…"
5 hours ago
Gurpreet Singh jammu commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"आदरणीया रचना भाटिया जी नमस्कार। बहुत ही बढ़िया ग़ज़ल का प्रयास आपकी तरफ से । पहले दोंनों अशआर बहुत…"
5 hours ago
Samar kabeer commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"//रूह*हर दर्द अपना भुलाती रही// यूँ कहें तो:- 'रूह के पार मुझको बुलाती रही'"
6 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"आ. रचना बहन सादर अभिवादन । अच्छी गजल हुई है । हार्दिक बधाई। मेरे हिसाब से मिसरा यह करें तो अधिक…"
6 hours ago
Rachna Bhatia commented on Rachna Bhatia's blog post ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही
"आदरणीय समर कबीर सर् सादर नमस्कार। सर् सुधारने की कोशिश की है। देखें क्या सहीह है ? एक आवाज़ कानों…"
7 hours ago
अमीरुद्दीन 'अमीर' commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post ढूँढा सिर्फ निवाला उसने - लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' (गजल)
"जनाब लक्ष्मण धामी भाई 'मुसाफ़िर' जी आदाब, सहवन बग़ैर तख़ल्लुस मक़्ते की जगह मतला टाईप हो…"
9 hours ago
सालिक गणवीर commented on सालिक गणवीर's blog post एक ही जगह बस पड़ा हूँ मैं......( ग़ज़ल :- सालिक गणवीर)
" मुहतरम अमीरुद्दीन 'अमीर' साहिब आदाब ग़ज़ल पर आपकी उपस्थिति और सराहना के लिए…"
11 hours ago
सालिक गणवीर commented on सालिक गणवीर's blog post एक ही जगह बस पड़ा हूँ मैं......( ग़ज़ल :- सालिक गणवीर)
"उस्ताद - ए - मुहतरम समर कबीर साहिब आदाब ग़ज़ल पर आपकी उपस्थिति और सराहना के लिए हार्दिक आभार व्यक्त…"
11 hours ago

© 2021   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service