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ग़ज़ल :- ईद उससे कोई मिला ही नहीं

फ़ाइलातुन मफ़ाइलुन फ़ेलुन/फ़इलुन /फ़ेलान


आके इसमें कोई रुका ही नहीं
दश्त-ए-दिल में कोई सदा ही नहीं

आँख कहती है दूर है वो बहुत
दिल ये कहता है फ़ासला ही नहीं

जिसमें ख़तरा हो हार जाने का
खेल मैं ऐसे खेलता ही नहीं

ये तो मैदान-ए-हश्र है भाई
याँ, कोई झूट बोलता ही नहीं

दर्द-ए-दिल का इलाज ढूँढते हो
दर्द-ए-दिल की कोई दवा ही नहीं


सबके मुंह देखता रहा वो ग़रीब
ईद उससे कोई मिला ही नहीं

मेरा अपना ख़याल तो ये है
चाँद पर आदमी गया ही नहीं

सच कहा है "समर" बुज़ुर्गों ने
इश्क़ की कोई इन्तिहा ही नहीं

"समर कबीर"
मौलिक/अप्रकाशित

Views: 724

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Comment by सूबे सिंह सुजान on July 23, 2015 at 6:32am
दिल ये कहता है फासला ही नहीं ।
बहुत सुंदर गजल कही है बधाई ।
Comment by maharshi tripathi on July 22, 2015 at 11:14pm

बढ़िया गजल हुई है ,आ.Samar kabeer जी ,,दाद प्रेषित है |

Comment by shree suneel on July 22, 2015 at 9:46pm
आँख कहती है दूर है वो बहुत
दिल ये कहता है फ़ासला ही नहीं.. बहुत प्यारा शे'र

मेरा अपना ख़याल तो ये है
चाँद पर आदमी गया ही नहीं.. . क्या बात!
आदरणीय समर कबीर सर जी, ख़ूबसूरत ग़ज़ल पेश की आपने. अन्य अशआर भी ख़ूब हुए हैं. बधाई.. बधाई आपको.
Comment by Samar kabeer on July 22, 2015 at 7:07pm
मोहतरमा डॉ प्राची सिंह जी,आदाब,ग़ज़ल में शिर्कत और सुख़न नवाज़ी के लिये आपका तहे दिल से शुक्रगुज़ार हूँ ।
Comment by Samar kabeer on July 22, 2015 at 7:05pm
जनाब राहुल डांगी जी,आदाब,ग़ज़ल में शिर्कत और सुख़न नवाज़ी के लिये आपका तहे दिल से शुक्रगुज़ार हूँ ।

सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Dr.Prachi Singh on July 22, 2015 at 3:04pm

बहुत उम्दा अश'आर कहे हैं आ० समर कबीर जी 

बहुत बहुत बधाई

Comment by Rahul Dangi Panchal on July 22, 2015 at 10:16am
किस किस युग्म की तारीफ उम्दा
Comment by Samar kabeer on July 21, 2015 at 11:37pm
जनाब गिरिराज भंडारी जी,आदाब,ग़ज़ल में शिर्कत और सुख़न नवाज़ी के लिये आपका तहे दिल से शुक्रगुज़ार हूँ ।
Comment by Samar kabeer on July 21, 2015 at 11:35pm
जनाब धर्मेन्द्र कुमार सिंह जी,आदाब,ग़ज़ल में शिर्कत और सुख़न नवाज़ी के लिये आपका तहे दिल से शुक्रगुज़ार हूँ ।
Comment by Samar kabeer on July 21, 2015 at 11:32pm
बहना राजेश कुमारी जी,आदाब,विस्तृत और सकारात्मक प्रतिक्रिया के लिये आपका तहे दिल से शुक्रगुज़ार हूँ ,आपने ईद की बधाई दी उसके लिये आपका अलग से शुक्रिया,हमारी ईद तो पानी की भेंट चढ़ गई ,उज्जैन में हाई अलर्ट घोषित हो गया ,जिसका सिलसिला अभी तक जारी है ।

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