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आत्म हत्या के नयाब तरीका ,

आत्म हत्या के नयाब तरीका ,
कोई केश नहीं बनेगा ,
पकडे जाने पर मुकदमा नहीं चलेगा ,
अब तो आप जानना चाहेंगे ,
आत्म हत्या के नयाब तरीका ,
दोस्ती से सुरु होती हैं,
आन बान शान तक जाती हैं ,
कभी जान कर ,
तो कभी अनजाने में ,
लोग अपनाते हैं ,
आत्म हत्या के नयाब तरीका ,
आइये आपकी इंतजार ख़तम करे ,
तो सबसे पाहिले ,
तम्बाकू सेवन करे ,
इससे काम न बने तो ,
शराब को अपनाये ,
साथ में सिगरेट या ,
सिंगर जलाये ,
और जल्दी हो तो ,
जम कर गुटका खाए ,
क्या इससे भी बढ़िया होगा ?,
आत्म हत्या के नयाब तरीका ,

Views: 512

Comment

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Comment by Babita Gupta on May 19, 2010 at 12:27pm
Nayab tarika to hai, khushi khushi martey raho, bahut badhiya Ravi jee
Comment by asha pandey ojha on May 16, 2010 at 1:58pm
Ravi ji sir mazak mazak me itnee ghree baat khdee aapne ..bahut kamal ka vyang hai ..jaan bujh kar log khud ko mout ke muh me dhkel rahe hai ..bahut sach likh hai aapne ..
Comment by Mahesh Jee on May 14, 2010 at 8:38pm
bhut achha trika btya hai aap ne.eske liye thanks.
Comment by Santosh Kumar on May 14, 2010 at 4:59pm
bahut hi achha likha hi aapne,shyad kuch na samjhon ko samajh aa jaye.
Comment by PREETAM TIWARY(PREET) on May 14, 2010 at 12:27pm
waah guru jee waah.....aap to ab specialist ho gaye hain suicide ke....
bahut badhiya likha hai aapne guru jee.....

मुख्य प्रबंधक
Comment by Er. Ganesh Jee "Bagi" on May 13, 2010 at 10:03pm
Waah Guru jee waah , Aap to Aatmahatya Bisyesagya ho gayey hai, bahut badhiya ,
Comment by Admin on May 13, 2010 at 9:55pm
ahut hi sikshaprad aur vyangatmak kavita likhey hai guru jee,
क्या इससे भी बढ़िया होगा ?,
आत्म हत्या के नयाब तरीका ,
Nahi bhai esasey badhiya tarika nahi hoga, thanks,
Comment by Biresh kumar on May 13, 2010 at 9:11pm
nice way to educate people!!!!
achchha hai!!!

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