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नेपाली साहित्य

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नेपाली गजल 2 Replies

घुमी रहेछ फनफनी दिवारको घडीसरीकहाँ थियो कहाँ पुग्यो यो जिन्दगी नदी सरीबनेछ दाग छातीमा बनेर दाग बल्झियोबढेर जान्छ घाउ झन् ऊ सङ्गको दूरीसरीउराठ लाग्दो एकलो उदास जिन्दगी हुँदायी दाग घाउ लाग्दछन् अमूल्य…Continue

Started by आवाज शर्मा. Last reply by Gm Suresh Prabhat Feb 10, 2016.

गज़ल 5 Replies

आज मैले पहिलो चोटी यो ग्रुपमा गज़ल पोस्ट गर्दैछु ! कस्तो लाग्यो प्रतिक्रिया सुझाव सल्लाहको अपेक्षा गर्दछु धन्यवाद !गज़ल समयको गतिलाई कछुवाको चाल भन्छौभगवान् को सृष्टिलाई हचुवाको चाल भन्छौ  चुपचाप…Continue

Started by Dalbir singh Baraili 'ghayal'. Last reply by Gm Suresh Prabhat Feb 7, 2016.

नेपाल की कवयित्री रमोला देवी शाह ‘छिन्नलता’ की सम्वेदना और उनकी व्यापक विरहानुभूति 2 Replies

                           [ इस लेख में नेपाली कविता को समझने के लिए अंतर्जाल पर उपलब्ध नेपाली-हिन्दी विक्षनरी का उपयोग किया गया है  फिर भी किसी त्रुटि के लिए लेखक छमाप्रार्थी है ]          विश्व में…Continue

Started by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव. Last reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव Jun 12, 2014.

कविता: गरिवी 4 Replies

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Started by Basant Shrestha. Last reply by Basant Shrestha Jul 17, 2011.

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Comment by Gm Suresh Prabhat on July 4, 2016 at 7:16pm
नेपाली साहित्य प्रति सद्भाव के लिए ओ.बी.ओ के सम्पूर्णं पदाधिकारियोको हार्दिक धन्यवाद ।
Comment by Admin on July 14, 2011 at 6:48pm
धन्यवाद भक्तिप्रसाद पौंडेल जी, इस समूह में आप सभी ज्यादा से ज्यादा सदस्यों को जोड़ नेपाली साहित्य सम्बंधित गतिविधिया प्रारंभ करे |
Comment by भक्तिप्रसाद पौडेल on July 14, 2011 at 12:21pm
ओबिओ एड्मिनको साधुवाद इस भाइचारे के लिए !
Comment by Basant Shrestha on July 5, 2011 at 12:13am
Great work.

सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on July 4, 2011 at 12:13am
इस सद्प्रयास ने इस मंच को और धनी किया है.. धन्यवाद.
Comment by Nirajan Pravat Luitel on July 3, 2011 at 9:53pm

खुशी लाग्यो यो समुहको सदस्य हुन पाउदा /

(I can't say in worlds ,Thanks to Admin)


प्रधान संपादक
Comment by योगराज प्रभाकर on July 3, 2011 at 8:03pm
सभी नेपाली साथी साहित्यकारों और साहित्य प्रेमियों का इस ग्रुप में हार्दिक स्वागत है !
 
 
 

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