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Sheikh Shahzad Usmani's Discussions (5,037)

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प्रधान संपादक

"आदाब।‌ हार्दिक धन्यवाद आदरणीय लक्ष्मण धामी 'मुसाफ़िर' साहिब। आपकी उपस्थिति और प्रतिक…"

Sheikh Shahzad Usmani replied on Saturday to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-110 (विषयमुक्त)

3 on Saturday
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

प्रधान संपादक

"अहसास (लघुकथा): कन्नू अपनी छोटी बहन कनिका के साथ बालकनी में रखे एक गमले में चल रही ग…"

Sheikh Shahzad Usmani replied on Friday to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-110 (विषयमुक्त)

3 on Saturday
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"यूॅं छू ले आसमाॅं (लघुकथा): "तुम हर रोज़ रिश्तेदार और रिश्ते-नातों का रोना रोते हो?…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Apr 30 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-109 (सियासत)

2 Apr 30
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"शुक्रिया। मेरा आशय इसी रचना को बड़े फलक तक ले जाने से था। पश्चिम की ओर पलायन करते यु…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 31 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-108 (विषयमुक्त)

13 Mar 31
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"'पश्चिमी पुल' और 'पूर्वी पुल' का बढ़िया प्रयोग। बोलचाल वाले शब्द 'ईस्ट' के बजाय 'पूर…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 31 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-108 (विषयमुक्त)

13 Mar 31
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"कथानक अनुसार और पात्र अनुसार क्षेत्रीय भाषा ने संवादों को स्वभाविकता प्रदान की है। च…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 31 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-108 (विषयमुक्त)

13 Mar 31
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"पापा, रि-पापा (लघुकथा): लकवा पीड़ित पत्नी के साथ पति पार्क में पत्नी की मनपसंद बैंच…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 31 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-108 (विषयमुक्त)

13 Mar 31
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"ऊपर आयोजन का नाम लिखने के निर्देश नहीं हैं समूह में। रचना के अंत में 'मौलिक व अप्रका…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 31 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-108 (विषयमुक्त)

13 Mar 31
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"नमस्कार। गोष्ठी में दूसरी रचना की प्रस्तुति से गोष्ठी को बढ़िया रचना से गति देने हेत…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 31 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-108 (विषयमुक्त)

13 Mar 31
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"आदाब। गोष्ठी का आग़ाज़ कर बढ़िया पेशकश हेतु हार्दिक बधाई आदरणीया विभारानी श्रीवास्तव…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 31 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-108 (विषयमुक्त)

13 Mar 31
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

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Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . .प्रेम
"आदरणीय मिथिलेश वामनकर जी सृजन पर आपकी मनोहारी प्रशंसा का दिल से आभार आदरणीय"
10 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . .मजदूर

दोहा पंचक. . . . मजदूरवक्त  बिता कर देखिए, मजदूरों के साथ । गीला रहता स्वेद से , हरदम उनका माथ…See More
23 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
मिथिलेश वामनकर commented on मिथिलेश वामनकर's blog post कहूं तो केवल कहूं मैं इतना: मिथिलेश वामनकर
"आदरणीय सुशील सरना जी मेरे प्रयास के अनुमोदन हेतु हार्दिक धन्यवाद आपका। सादर।"
23 hours ago
Sushil Sarna commented on मिथिलेश वामनकर's blog post कहूं तो केवल कहूं मैं इतना: मिथिलेश वामनकर
"बेहतरीन 👌 प्रस्तुति सर हार्दिक बधाई "
yesterday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . .मजदूर
"आदरणीय मिथिलेश वामनकर जी सृजन पर आपकी समीक्षात्मक मधुर प्रतिक्रिया का दिल से आभार । सहमत एवं…"
yesterday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . .मजदूर
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन आपकी मनोहारी प्रशंसा का दिल से आभारी है सर"
yesterday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post कुंडलिया. . .
"आदरणीय मिथिलेश वामनकर जी सृजन आपकी स्नेहिल प्रशंसा का दिल से आभारी है सर"
yesterday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post कुंडलिया. . .
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय"
yesterday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक ..रिश्ते
"आदरणीय मिथिलेश वामनकर जी के भावों को आत्मीय मान से सम्मानित करने का दिल से आभार आदरणीय"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Aazi Tamaam's blog post ग़ज़ल: ग़मज़दा आँखों का पानी
"आ. भाई आजी तमाम जी, अभिवादन। अच्छी गजल हुई है। हार्दिक बधाई।"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on मिथिलेश वामनकर's blog post ग़ज़ल: उम्र भर हम सीखते चौकोर करना
"आ. भाई मिथिलेश जी, सादर अभिवादन। उत्तम गजल हुई है। हार्दिक बधाई।"
yesterday

सदस्य कार्यकारिणी
मिथिलेश वामनकर commented on AMAN SINHA's blog post काश कहीं ऐसा हो जाता
"आदरणीय अमन सिन्हा जी इस प्रस्तुति हेतु हार्दिक बधाई स्वीकार करें। सादर। ना तू मेरे बीन रह पाता…"
yesterday

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