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यादें.................

मन की उदासी को ह्रदय में,

बसा के रख लिया ,
आप की बेवफाई को,

जीवन अंग समझ लिया !
मैंने की बेहद मुहब्बत मगर,

आपको क्या फर्क पडा,
तुमने लिए जो फैसले प्यार में,

उस दर्द से दिल मेरा रो पडा !
मिलेंगे तुम्हें हज़ारो दौलतमंद पर,

प्रीत की होगी वहां न भनक,
राह भूल मेरे अनमोल प्रेम को,

तोड़ देगी पैसे की खनक !
अपने सारे गमो को मै छुपा लूंगा,

एक तुम्हारी ख़ुशी के लिए
अब ना आयेंगे कभी तुम्हारी राहो में,

बेरुखी सी ऐ जिंदगी लिए !

Views: 277

Comment

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Comment by Sanjay Rajendraprasad Yadav on March 4, 2011 at 11:27am

 

पसन्द करने के लिए

श्री,गणेश जी, "बागी"
आप क बहुत-बहुत आभार  

मुख्य प्रबंधक
Comment by Er. Ganesh Jee "Bagi" on March 3, 2011 at 9:39pm

एक तुम्हारी ख़ुशी के लिए
अब ना आयेंगे कभी तुम्हारी राहो में.......

 

प्यार का दूसरा नाम शायद त्याग भी है , सुंदर ख्यालात |

कृपया ध्यान दे...

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