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Richa Yadav
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Welcome, Richa Yadav "Riya"

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Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय शुक्रियः आपका विस्तार से त्रुटियां बताने के लिए,  सुधार का पूरा प्रयास करूँगी सादर"
21 hours ago
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय शुक्रियः आपका सादर"
21 hours ago
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय अमीर जी नमस्कार बहुत ख़ूब हुई ग़ज़ल बधाई स्वीकार कीजिये सादर"
21 hours ago
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय सर जी, नमस्कार आपको जल्दी स्वास्थ्य लाभ हो यही कामना है, सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय बहुत शुक्रियः आपका ग़ज़ल पर बारीक़ी से टिप्पणी कर त्रुटियों दे अवगत कराने के लिए। 1 में ये ख़याल है कि आफ़त से ज़िन्दगी का तमाशा बना तो कोई देखने वाला नहीं बचा सबने किनारा कर दिया। 2 इस्तिखारा शब्द " मुहूर्त " के परिपेक्ष्य में लिया है। 3…"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय बहुत शुक्रियः आपका, सुधार का प्रयास करती हूँ सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय बहुत शुक्रियः आपका सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय बहुत शुक्रियः आपका सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय बहुत आभार आपका। सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय दयाराम जी नमस्कार ख़ूब ग़ज़ल हुई है बधाई स्वीकार कीजिए सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय नाहक़ जी नमस्कार ख़ूब ग़ज़ल हुई बधाई स्वीकार कीजिये। सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय सूबे जी नमस्कार ख़ूब ग़ज़ल हुई है बधाई स्वीकार कीजिये मतला बहतर ही सकता है मक़्ते में ऊला की बह्र देखियेगा। सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"2122 2122 2122 212 आदरणीय गुरमीत जी ,नमस्कार ख़ूब हुई है ग़ज़ल बधाई स्वीकार कीजिये 3 ,6बहतर हो सकता है सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"2122 2122 2122 212 आदरणीय मनन जी, नमस्कार अच्छी ग़ज़ल हुई है, बधाई स्वीकार कीजिये। 1मतला  और 2 स्प्ष्ट नहीं हुआ 3,4 तरतीब ठीक की जा सकती है 5 बह्र देखिएगा ऊला की 6 बहतर हो सकता है 7मुँहज़ोर*  सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय नवीन जी, नमस्कार बढ़िया हुई ग़ज़ल बधाई स्वीकार कीजिए और बहतर हो सकती है। संजय जी से सहमत। सादर"
yesterday
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय लक्ष्मण जी, नमस्कार ख़ूब ग़ज़ल हुई है बधाई स्वीकार कीजिए सादर"
yesterday

Profile Information

Gender
Female
City State
Faridabad Haryana
Native Place
Alaahabad U.P.
Profession
home maker
About me
computer engineer by heart Shayar

Richa Yadav's Blog

ग़ज़ल-हर बात अपने दिल की बताई नहीं जाती।

221 2121 1221 212



हर बात अपने दिल की बताई नहीं जाती

करके कोई दुआ भी यूँ गाई नहीं जाती।1

दिल आपकेे है बस में ये अब जानते हैं हम

जादूगरी ऐसी भी दिखाई नहीं जाती।2

हैं दर्द-ओ-ग़म भरे हुए इतने कि क्या कहें

ये दास्तान दिल की सुनाई नहीं जाती।3

ये बदगुमानी आपकी आई है बीच में

बिगड़ी है इतनी बात बनाई नहीं जाती।4

फिर साथ होगी होली दीवाली की धूम भी

हमसे अकेले ईद मनाई नहीं जाती।5

दिल आपका दुखा तो…

Continue

Posted on December 7, 2020 at 1:29pm — 4 Comments

मिस्मार दिल का ये दर-ओ-दीवार हो गया

बह्र:- 221 2121 1221 212

मिस्मार दिल का ये दर-ओ-दीवार हो गया

मुद्दत हुई तो यार का दीदार हो गया

वो जो चला गया है मेरा शह्र छोड़ कर

लगता है ऐसा मुझको मैं बीमार हो गया

बेमोल ही रहे न किया ज़िंदगी से ग़म

तूने छुआ मुझे तो मैं दीनार हो गया

था मर्ज़ ऐसा जिसकी नहीं थी दवा कोई

तू हाथ थाम कर मेरा तीमार हो गया

तूने गले लगाया "रिया" को मेरे ख़ुदा

लगता है जैसे क़द मेरा मीनार हो गया

"मौलिक व…

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Posted on October 30, 2020 at 3:30pm — 10 Comments

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"आदरणीय सूबे सिंह जी आदाब, तरही मिसरे पर ग़ज़ल का अच्छा प्रयास है बधाई स्वीकार करें।"
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Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-143
"आदरणीय चेतन प्रकाश जी, पोस्ट पर आने व कमियां बताने के लिए हार्दिक धन्यवाद। आपके सुझाव पर ध्यान…"
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