For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

पढ़ लिख कर आगे बढ़ें, बनें नेक इन्सान ।
अच्छी शिक्षा जो मिले, बच्चें भरें उड़ान ।।

बच्चे कोमल फूल से, बच्चे हैं मासूम ।
सुमन की भांति खिल उठें, बनो धूप लो चूम ।।

देखो बच्चों प्रेम ही, जीवन का आधार ।
सज्जन को सज्जन करे, सज्जन का व्यवहार ।।

मजबूती जो नीव में, सदियों चले मकान ।
शिक्षा मात्र उपाय जो, करती दूर थकान ।।

आते देखे भोर को, भागा तामस जाय ।
सुख उसके ही साथ हो, दुख में जो मुस्काय ।।

सच्चाई की राह में, काँटे हैं भरपूर ।
अच्छी बातें सीख लो, करो बुराई दूर ।।

Views: 671

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on April 18, 2013 at 9:02pm

वाह वाह वाह .. !  भाई आपने तो मोह लिया !

आपकी छंद रचना (दोहा) कमाल-कमाल-कमाल ! हर दोहे पर दिल से बधाई.

तमस भव का तामसिक रूप होता है, भाई.

शुभ-शुभ

Comment by अरुन 'अनन्त' on April 12, 2013 at 4:33pm

अनुज राम शिरोमणि त्रिपाठी जी हार्दिक आभार स्नेह यूँ ही बनाये रखें.

Comment by अरुन 'अनन्त' on April 12, 2013 at 4:33pm

आदरणीया प्राची दीदी सत्य है जब जब आपकी सराहना मिलती है ह्रदय से प्रफुल्लित हो उठता हूँ. लेखनी को अत्यंत बल और सकारात्मक उर्जा मिल जाती है. दीदी सही कहा आपने तृतीय चरण प्रवाह बाधित मुझे भी लग रहा है. दीदी तामस शब्द मुझे लगा ठीक है अन्यथा मैं उपयोग नहीं करता. आशीष एवं स्नेह यूँ ही बनाये रखें.

Comment by अरुन 'अनन्त' on April 12, 2013 at 4:28pm

आदरणीय लक्ष्मण सर सादर नमस्कार, आपको दोहे पसंद आये लेखन कार्य सफल हुआ हार्दिक आभार. स्नेह यूँ ही बनाये रखें.

Comment by अरुन 'अनन्त' on April 12, 2013 at 4:24pm

आदरणीय प्रिय मित्रवर संदीप भाई आपकी सराहना पाकर ख़ुशी का ठिकाना नहीं रहा. यह स्नेह यूँ ही बनाये रखें मित्र.

Comment by अरुन 'अनन्त' on April 12, 2013 at 4:17pm

आदरणीया गीतिका जी सादर आपकी शुभकामना मिली अत्यंत हर्ष हो रहा है हार्दिक आभार.

Comment by ram shiromani pathak on April 11, 2013 at 8:46pm

बड़े सुन्दर दोहे रचे है अपने बड़े भाई बहुत ही सुन्दर ....... हार्दिक बधाई 


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Dr.Prachi Singh on April 11, 2013 at 7:37pm

प्रिय अरुण जी बच्चों के लिए बहुत सुन्दर शिक्षा प्रद दोहे लिखे हैं आपने , बहुत बहुत बधाई आपको 

पढ़ लिख कर आगे बढ़ें, बनें नेक इन्सान ।
अच्छी शिक्षा जो मिले, बच्चें भरें उड़ान ।।...........बिल्कुल सही बात कही है 

बच्चे कोमल फूल से, बच्चे हैं मासूम ।
सुमन की भांति खिल उठें, बनो धूप लो चूम ।। बहुत सुन्दर सुकोमल भाव इस दोहे के 

तृतीय  चरण में प्रवाह बाधित लग रहा है .......................इसे इस तरह देखें "सुमन भाँति ये खिल उठें" 

क्या तमस को तामस लिखना सही होगा ? इस पर भी आश्वस्त हो लें ..

सस्नेह. 

Comment by लक्ष्मण रामानुज लडीवाला on April 11, 2013 at 11:03am

सुन्दर दोहे, हार्दिक बधाई अरुण शर्मा "अनंत" जी 

नव संवत्सर,२०७०, गुडी पडवा, एवं चेटी-चंड के शुभ मंगल कामनाए 

नव जोश भर तन मन में, नव चेतन संचार, 

नव वर्ष नया काज हो, उन्नति करे अपार | - लक्ष्मण लडीवाला 

Comment by SANDEEP KUMAR PATEL on April 11, 2013 at 10:45am

आदरणीय बंधुवर अरुण भाई सादर
बहुत ही उत्कृष्ट दोहे रचे हैं अच्छी सिक्षा दी है आपने इन दोहों के माध्यम से
सादर बधाई स्वीकरें
आपको नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएँ बंधु
सादर

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity


मुख्य प्रबंधक
Er. Ganesh Jee "Bagi" replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
" कृपया और भी सदस्य अपना मंतव्य दें ।"
4 hours ago
Tilak Raj Kapoor replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"तरही का मुख्य उद्देश्य अभ्यास तक सीमित है, इस दृष्टि से और बहरों पर भी तरही मिसरे देना कठिन न होगा…"
11 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा सप्तक. . . . घूस

दोहा सप्तक. . . . . घूस बिना कमीशन आजकल, कब होता है काम । कैसा भी हो काम अब, घूस हुई है आम ।। घास…See More
23 hours ago
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"सादर नमस्कार। मुझे ऐसी ही एक चर्चा की अपेक्षा थी। आवश्यकता महसूस हो रही थी। हार्दिक धन्यवाद और…"
yesterday

सदस्य कार्यकारिणी
मिथिलेश वामनकर replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार के सभी सम्मानित सदस्यों को सादर नमस्कार। आदरणीय तिलक राज कपूर सर द्वारा…"
yesterday
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"सभी आदरणीय सदस्यों को नमस्कार, एक महत्वपूर्ण चर्चा को आरम्भ करने के लिए प्रबन्धन समिति बधाई की…"
yesterday
Admin posted a discussion

ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा

साथियों,विगत कई माह से ओ बी ओ लाइव आयोजनों में कतिपय कारणवश सदस्यों की भागीदारी बहुत ही कम हो रही…See More
yesterday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आदरणीय  अखिलेश जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय जी । सहमत एवं संशोधित "
yesterday
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आदरणीय सुशीलजी हार्दिक बधाई। लगातार बढ़िया दोहा सप्तक लिख रहें हैं। घूस खोरी ....... यह …"
yesterday
Jaihind Raipuri posted a blog post

वो समझते हैं मस्ख़रा दिल हैं

ग़ज़ल 2122  1212  22वो समझते हैं मस्ख़रा दिल हैकितने दुःख दर्द से भरा दिल हैये मेरा क्यूँ हुआ है…See More
Mar 5
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन आपकी मनोहारी प्रतिक्रिया से समृद्ध हुआ । हार्दिक आभार आदरणीय । फागोत्सव…"
Mar 4
Nilesh Shevgaonkar and Dayaram Methani are now friends
Mar 4

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service