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प्यार का ख्याल.....

प्यार  का ख्याल.....

प्यार  का ख्याल गर खाब मैं ही हो आये, 

तो ज़िन्दगी खूब से खूबतर हो जाये.

हर आँख से पोंछने को आंसू गर एक हाथ भी उठ जाए,

तो इंसान खुद से खुदा हो जाये.

 और पोंछ दें गर, रिश्ता हुआ खून ज़ख्मों से,

तो ज़िन्दगी कुछ और बड़ी हो जाये.

किसे मालूम की कब बुलावा आ जाये,

गर वक़्त रहते संभल जाएँ तो अच्छा है. 

बहुत आसन है किसी को बेईमान कहना 

गर खुद के गिरेबान में झांक पायें तो अच्छा है . 

                                                                                                               मोनिका जैन "डौली"

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Comment

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Comment by Monika Jain on April 16, 2012 at 12:27am
Aap logo ki rachnaao ke saath saath mai anya Vidwaano ki rachnaye bhi padna chahti hu kripya tarika bataye kyo ki mai isme hamesha hi asmarth rahi hu.
Comment by Monika Jain on April 16, 2012 at 12:26am
Is sarahnaa ke liye aap sabhi ka shukriya. par is sarahanaa ke sath sath batare bhi rahe ki kaha truti ki hai mene. bas khamosh hokar nahi rahiyega kripya.

Sadhanyavad
Monika Jain
Comment by PRADEEP KUMAR SINGH KUSHWAHA on April 14, 2012 at 10:52pm

बहुत आसन है किसी को बेईमान कहना 

गर खुद के गिरेबान में झांक पायें तो अच्छा है . 

bahut achhe bhav, badhai.

Comment by Abhinav Arun on April 14, 2012 at 12:57pm

किसे मालूम की कब बुलावा आ जाये,

गर वक़्त रहते संभल जाएँ तो अच्छा है. 

kya kahne monika ji hardik badhai is sashakt rachna par !!


सदस्य कार्यकारिणी
Comment by rajesh kumari on April 12, 2012 at 7:02pm

बहुत आसन है किसी को बेईमान कहना 

गर खुद के गिरेबान में झांक पायें तो अच्छा है . bahut saarthak baat,bahut umda bhaav . 

                                

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