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मनोज अहसास's Discussions (209)

Discussions Replied To (209) Replies Latest Activity

"बहुत बहुत आभार आदरणीय"

मनोज अहसास replied Aug 27, 2021 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-134

243 Aug 28, 2021
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

"आदरणीय समर कबीर साहब  सादर प्रणाम आपका आशीर्वाद हमारी पूंजी है बहुत बहुत आभार"

मनोज अहसास replied Aug 27, 2021 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-134

243 Aug 28, 2021
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

"हार्दिक आभार आदरणीय"

मनोज अहसास replied Aug 27, 2021 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-134

243 Aug 28, 2021
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

"हार्दिक आभार आदरणीय"

मनोज अहसास replied Aug 27, 2021 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-134

243 Aug 28, 2021
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

"आदरणीय अमीर साहब ग़ज़ल पर इतनी विस्तृत और बहुमूल्य प्रतिक्रिया देने के लिए हार्दिक आभा…"

मनोज अहसास replied Aug 27, 2021 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-134

243 Aug 28, 2021
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

"निगाहें हो रही बेताब देखने के लिए सहर का टूटा हुआ ख्वाब देखने के लिए मेरी ज़ुबा पे न…"

मनोज अहसास replied Aug 27, 2021 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-134

243 Aug 28, 2021
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

"ये दिल जहां से लड़कर बेजान हो न जाएइक दिन कहीं तू मुझसे अंजान हो न जाए लफ़्ज़ों में धु…"

मनोज अहसास replied Jan 26, 2018 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-91

272 Jan 27, 2018
Reply by surender insan

"आदरणीय गुरुजनो और मित्रो पिछले काफी दिनों से obo पर टाइप करने में मुझे कुछ परेशानी ह…"

मनोज अहसास replied Jan 27, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-79

652 Jan 28, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"मेरी ख़ामोशी का शायद अब असर होने को है मेरे क़ासिद को मेरे ग़म की ख़बर होने को है जागना…"

मनोज अहसास replied Jan 27, 2017 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-79

652 Jan 28, 2017
Reply by मिथिलेश वामनकर

"बहुत बहुत आभार आदरणीय सौरभ पांडेय सर सभी बातों पर ध्यान देने की पूरी कोशिश रहेगी साद…"

मनोज अहसास replied Aug 27, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-74

649 Aug 27, 2016
Reply by Samar kabeer

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"कोई बात नहीं। रचना पर अन्तिम निर्णय लेखक का ही होता। एक बार पुनः बधाई। "
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अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (उठाओ जितनी भी चाहे क़सम ज़माने की)
"आदरणीय महेंद्र कुमार जी आदाब, ग़ज़ल पर आपकी आमद और ज़र्रा नवाज़ी का तह-ए-दिल से शुक्रिया, जनाब…"
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Mahendra Kumar commented on अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी's blog post ग़ज़ल (उठाओ जितनी भी चाहे क़सम ज़माने की)
"अच्छी ग़ज़ल हुई है आ. अमीरुद्दीन जी। हार्दिक बधाई प्रेषित है। "
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