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मोहन बेगोवाल's Discussions (1,034)

Discussions Replied To (1034) Replies Latest Activity

" आदरनीय गंगा धर जी , नए तरह के विषय को ग़ज़ल में उठाया गया है . "

मोहन बेगोवाल replied Mar 27 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-129

330 Mar 27
Reply by Samar kabeer

" आदरनीय दिनेश जी , आप जी दी ग़ज़ल अच्छी लगी , बाकी उस्ताद जी ने खामिया बारे बता दिया ,…"

मोहन बेगोवाल replied Mar 27 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-129

330 Mar 27
Reply by Samar kabeer

" आदरनीय dandpani nahak ,  शुक्रिया जी "

मोहन बेगोवाल replied Mar 27 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-129

330 Mar 27
Reply by Samar kabeer

"आदरणीय लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर', बहुत धन्यवाद जी "

मोहन बेगोवाल replied Mar 27 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-129

330 Mar 27
Reply by Samar kabeer

"आदरनीय संजय जी , अगर आप बताएँगे तो बहुत मेहरबानी होगी "

मोहन बेगोवाल replied Mar 27 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-129

330 Mar 27
Reply by Samar kabeer

"   आदरनीय  समर कबीर जी , बहुत शुक्रिया , मेहरबानी करके रचना पे आपनी राए दीजिएगा जी "

मोहन बेगोवाल replied Mar 27 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-129

330 Mar 27
Reply by Samar kabeer

"       बता दुनिया मेरी चश्म- ए -करम ऐसा भी होता है lउमर भर इश्क़ में जलना सितम ऐसा भी…"

मोहन बेगोवाल replied Mar 26 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-129

330 Mar 27
Reply by Samar kabeer

"2122 2122 2122 212बाँटती है सोच जो होनी बिगानी चाहिए l प्यार बाँटे जो सुनानी अब कहान…"

मोहन बेगोवाल replied Oct 23, 2020 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-124

387 Oct 24, 2020
Reply by Samar kabeer

"आदरणीया बबिता जी , उम्मीद के आदमी की अंदर की शकित को जगाना अति जरूरी है , जिस से उम्…"

मोहन बेगोवाल replied Aug 31, 2020 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-65 (विषय: "उम्मीद का दामन")

95 Aug 31, 2020
Reply by pratibha pande

"उम्मीद  का दामन "ये अक्सर कहा जाता हैं, मनुष्य को उमीद का दामन नहीं छोड़ना चाहिए l हो…"

मोहन बेगोवाल replied Aug 30, 2020 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-65 (विषय: "उम्मीद का दामन")

95 Aug 31, 2020
Reply by pratibha pande

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"वाह वाह आदरणीय लक्ष्मण धामी जी । मात्र दिवस पर मां को समर्पित बहुत ही खूबसूरत ग़ज़ल कही आप ने ।…"
4 hours ago
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हम क्यों जीते हैं--कविता

हम सांस लेते हैं, हम जीते हैं और एक दिन आखिरी सांस लेते हैं इस आखिरी सांस के पहले हमारे पास वक़्त…See More
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"आ. भाई विजय निकोर जी, सादर अभिवादन । गजल पर उपस्थिति , स्नेह व उत्साहवर्धन के लिए आभार।"
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लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post अब हो गये हैं आँख वो भूखे से गिद्ध की- लक्ष्मण धामी'मुसाफिर'
"आ. भाई विजय जी, सादर अभिवादन । गजल पर उपस्थिति , स्नेह व उत्साहवर्धन के लिए आभार।"
13 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post कालिख लगी है इनमें जो -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'( गजल )
"आ. भाई विजय जी, सादर अभिवादन । गजल पर उपस्थिति , स्नेह व उत्साहवर्धन के लिए आभार।"
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vijay nikore commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post कालिख लगी है इनमें जो -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'( गजल )
"ख्याल बहुत उम्दा हैं गज़ल में। हार्दिक बधाई, भाई लक्ष्मण जी।"
18 hours ago
vijay nikore commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post अब हो गये हैं आँख वो भूखे से गिद्ध की- लक्ष्मण धामी'मुसाफिर'
"आपकी यह गज़ल पढ़ कर भी आनन्द आ गया। हार्दिक बधाई, मेरे भाई, लक्ष्मण जी।"
19 hours ago
vijay nikore commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post मानता हूँ तम गहन सरकार लेकिन-लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'
"सामयिक स्थिति इंगित करती यह गज़ल अच्छी बनी है, भाई लक्ष्मण जी। हार्दिक बधाई।"
19 hours ago
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"सादर प्रणाम आ धामी सर जी सहृदय शुक्रिया हौसला अफ़ज़ाय व मार्गदर्शन के लिये सर मुझे कुछ अच्छा सूझ…"
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लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Aazi Tamaam's blog post नग़मा: माँ की ममता
"आ. भाई आज़ी तमाम जी, अभिवादन। अच्छा नगमा हुआ है । हार्दिक बधाई। अंतिम दोनों पंक्तियो में लय (गेयता)…"
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लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on vijay nikore's blog post अनजाना उन्माद
"आ. भाई विजय निकोर जी, सादर अभिवादन । सुन्दर कविता हुई है । हार्दिक बधाई ।"
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